रतलाम में किसानों के मुद्दे पर कांग्रेस का उग्र प्रदर्शन; कलेक्ट्रेट घेराव की कोशिश, पुलिस ने वाटर कैनन से रोका (देखिए वीडियो)
रतलाम, 29 जून (इ खबर टुडे)। शहर में सोमवार को किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर कांग्रेस ने उग्र प्रदर्शन किया। जिला अध्यक्ष हर्ष विजय गहलोत के नेतृत्व में निकाली गई 'जनआक्रोश रैली' के दौरान कांग्रेसी कार्यकर्ताओं और किसानों ने कलेक्ट्रेट का घेराव करने का प्रयास किया। हालांकि, मुस्तैद प्रशासनिक अमले और पुलिस बल ने छत्रीपुल पर भारी बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को रोक दिया। इस दौरान बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिश कर रहे प्रदर्शनकारियों पर नगर निगम की फायर ब्रिगेड से पानी का तेज छिड़काव (वाटर कैनन) किया गया, जिसके बाद भारी मशक्कत से स्थिति पर काबू पाया जा सका।
सोमवार दोपहर को सैलाना बस स्टैंड स्थित लहसुन-प्याज मंडी से कांग्रेस की जनआक्रोश रैली का आगाज हुआ। रैली शहीद चौक, धान मंडी, नाहरपुरा और कॉलेज रोड जैसे शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई छत्रीपुल पहुंची। रैली में किसान और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शामिल हुए, जिनमें से कुछ कार्यकर्ता विरोध स्वरूप बैलगाड़ी लेकर भी पहुंचे थे। इस बड़ी रैली के कारण शहर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई। जगह-जगह ट्रैफिक जाम होने से आम राहगीरों और शहरवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
इन मुद्दों को लेकर था आक्रोश, बिना ज्ञापन सौंपे लौटे कांग्रेसी
कांग्रेस की इस रैली का मुख्य उद्देश्य किसानों की समस्याओं, जैसे- खाद, बीज, कीटनाशक दवाइयों और कृषि संसाधनों की बढ़ती कीमतों के विरोध में कलेक्ट्रेट का घेराव कर ज्ञापन सौंपना था। छत्रीपुल पर रोके जाने के बाद पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच हल्की झड़प भी देखने को मिली। पानी की बौछारों के बाद नाराज कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने छत्रीपुल पर ही एक सभा आयोजित की। इसके बाद, प्रशासन को ज्ञापन सौंपे बिना ही सभी नेता और कार्यकर्ता वापस लौट गए।
वरिष्ठ नेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों की रही मौजूदगी
इस प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कांतिलाल भूरिया, जिला अध्यक्ष हर्षवर्धन गेहलोत, शहर अध्यक्ष शांतिलाल वर्मा, राकेश झालानी, शैलेंद्र अठाना और सोहेल काजी सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे। वहीं प्रशासन की ओर से अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राकेश पंद्रो, नगर पुलिस अधीक्षक सत्येंद्र घनघोरिया, एडीएम बृजेश रावल, सैलाना एसडीएम आर्ची हरित, शहर एसडीएम तरुण जैन और तहसीलदार ऋषभ ठाकुर भारी पुलिस बल के साथ मोर्चे पर डटे रहे।

