लोहे के पाइप से मारपीट मामले में फैसला: तीन-तीन वर्ष का सश्रम कारावास और 13-13 हजार रुपये का अर्थदंड
रतलाम, 30 जुलाई (इ खबर टुडे)। न्यायालय न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, जावरा शिवानी राठौर ने एक महत्वपूर्ण फैसले में मारपीट के तीन आरोपियों को दोषी करार देते हुए विभिन्न धाराओं के तहत तीन-तीन वर्ष के सश्रम कारावास और 13-13 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। इस प्रकरण की पैरवी सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी सुनील सिंह खेर द्वारा की गई थी।
अभियोजन के अनुसार, यह घटना थाना पिपलोदा अंतर्गत ग्राम कंचनखेड़ी की है। फरियादी भंवरलाल जब रात करीब 9:30 बजे गेंहू पिसवाने जा रहा था, तब रास्ते में आरोपी रणछोड़, दिलीप और घनश्याम ने उसे रोक लिया। आरोपियों ने सीएम हेल्पलाइन 181 पर की गई शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया।
फरियादी द्वारा शिकायत वापस लेने से मना करने पर आरोपियों ने उसे गालियां दीं और मारपीट की। बीच-बचाव करने आए मांगीलाल और कबीर पर भी आरोपियों ने लोहे के पाइप से हमला कर दिया, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं। जाते-जाते आरोपियों ने जान से मारने की धमकी भी दी थी।
थाना पिपलोदा पुलिस ने अपराध क्रमांक 158/2023 दर्ज कर मामले की विवेचना की और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर धारा 325 भादवि का इजाफा कर चालान न्यायालय में पेश किया।
न्यायालय ने दस्तावेजी और मौखिक साक्ष्यों के आधार पर तीनों अभियुक्त रणछोड़ पिता बालाराम (उम्र 41 वर्ष), दिलीप पिता बालाराम (उम्र 38 वर्ष), घनश्याम पिता छोगालाल (उम्र 24 वर्ष) को दोषी पाया। आरोपियों को धारा 325/34 भादवि: 03-03 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 10,000-10,000 रुपये अर्थदंड, धारा 323 भादवि: 06-06 माह का सश्रम कारावास एवं 1,000-1,000 रुपये अर्थदंड, धारा 506 भादवि: 01-01 वर्ष का सश्रम कारावास एवं 1,000-1,000 रुपये अर्थदंड से भी दंडित किया।