रतलाम / 50 लाख की दो साल पुरानी चोरी का पुलिस ने किया पर्दाफाश, अंतर्राज्यीय गिरोह का आरोपी अजमेर से गिरफ्तार
रतलाम, 07 अक्टूम्बर (इ खबर टुडे)। जिले में लंबित अपराधों के त्वरित निराकरण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत थाना डीडी नगर पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने लगभग दो साल पुराने 50 लाख रुपये के सोने के आभूषणों की चोरी के मामले का खुलासा करते हुए राजस्थान के एक अंतर्राज्यीय चोर गिरोह के सदस्य को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी अजमेर का रहने वाला है, जिससे गिरोह के अन्य सदस्यों और अन्य वारदातों के संबंध में कड़ी पूछताछ की जा रही है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 17 सितंबर 2024 की है। कलीमी कॉलोनी निवासी फरियादी अपनी पत्नी के साथ पास ही स्थित कम्युनिटी हॉल में खाना खाने गए थे। घर का मुख्य दरवाजा बंद था लेकिन अलमारी खुली रह गई थी। जब वे रात करीब 9:45 बजे लौटे, तो अलमारी में रखे करीब 50 लाख रुपये मूल्य के सोने के आभूषण गायब मिले। इस पर थाना डीडी नगर में अपराध क्रमांक 690/2024 (धारा 305(ए) बीएनएस एवं 380 भादवि) दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।
फोटो, तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर से मिली सफलता
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन, एएसपी विवेक कुमार लाल, एएसपी राकेश पन्द्रो के मार्गदर्शन तथा सीएसपी सत्येंद्र घनघोरिया के नेतृत्व में डीडी नगर थाना पुलिस ने पुराने साक्ष्यों, घटना के फोटो, तकनीकी डेटा विश्लेषण और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया।
लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने आरोपी कालू (22) पिता रतनलाल बागड़ियां, निवासी ग्राम छपनेर, जिला अजमेर (राजस्थान) की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने अपने अंतर्राज्यीय गिरोह के साथियों के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम देने की बात कबूल की है।
अन्य सदस्यों की तलाश में जुटी पुलिस
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि रतलाम पुलिस का फोकस लंबे समय से लंबित पड़े चोरी के मामलों के निराकरण पर है। डीडी नगर पुलिस ने एक ही सप्ताह के भीतर दो वर्ष पुराने दो प्रमुख चोरी के मामलों का खुलासा किया है। गिरफ्तार आरोपी के अन्य साथियों को पकड़ने के लिए विशेष टीमें गठित कर संभावित ठिकानों पर रवाना कर दी गई हैं।
सराहनीय भूमिका
इस महत्वपूर्ण सफलता में उप निरीक्षक अनुराग यादव, उप निरीक्षक आर. के. चौहान, एएसआई बसिल गणावा, आरक्षक राजूलाल गरवाल, पवन जाट तथा साइबर सेल के आरक्षक तुषार सिसोदिया की विशेष भूमिका रही।