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 रतलाम / 14 साल पुराने मामले में स्थायी वारंटी को 1 वर्ष का कारावास, 5 हजार जुर्माना

 

 

रतलाम,22अगस्त(इ खबर टुडे)। गौवंश और अवैध शराब के परिवहन से जुड़े 14 वर्ष पुराने बहुचर्चित मामले में न्यायालय ने बड़ा फैसला सुनाया है। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (श्रीमती सपना भारती कतरोलिया) रतलाम की अदालत ने फरार चल रहे आरोपी रज्जाक उर्फ रजाक उर्फ डन्डु (45) निवासी नई आबादी बोतलगंज, जिला मंदसौर को 1 वर्ष के सश्रम कारावास और 5,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।

अभियोजन पक्ष की ओर से उप-निदेशक (अभियोजन) श्रीमती आशा शाक्यवार ने बताया कि घटना 7 जनवरी 2012 की है। पुलिस को सूचना मिली थी कि चोमेला की तरफ से आ रहे एक तिरपाल ढके ट्रक (MH 04 CU 5193) में मवेशी कटने के लिए महाराष्ट्र ले जाए जा रहे हैं।

​सूचना पर पुलिस टीम ने नागेश्वर-आलोट रोड स्थित भोजाखेड़ी फंटे पर नाकाबंदी की। इस दौरान ट्रक को रोका गया, जबकि पीछे से आ रही एक इंडिगो कार (MP 43 C 4649) का चालक तेजी से वाहन भगा ले गया। ट्रक की जांच करने पर उसमें 36 गायें और 5 केड़े रस्सियों से बेहद क्रूरतापूर्वक बांधकर रखे गए थे, जिनमें से एक गाय की मौत हो चुकी थी। मवेशियों के लिए चारा, पानी व हवा की कोई व्यवस्था नहीं थी। तलाशी में ट्रक केबिन से कम्बल में छिपाकर रखी 60 लीटर हाथभट्टी की कच्ची शराब भी बरामद हुई।

​कार से भी बरामद हुई थी अवैध शराब
मौके से भागी इंडिगो कार का पुलिस ने पीछा कर पकड़ा। कार की डिक्की से भी 60 लीटर अवैध कच्ची शराब जब्त की गई। मामले में पुलिस ने मध्य प्रदेश कृषि उपयोगी पशु संरक्षण अधिनियम, गौवंश वध प्रतिषेध अधिनियम, पशु क्रूरता निवारण अधिनियम और आबकारी अधिनियम के तहत केस दर्ज किया था।

​तत्समय हुआ था भारी विरोध-प्रदर्शन
घटना के विरोध में उस समय विभिन्न हिंदू संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया था। समाजजनों ने चक्काजाम कर विरोध जताया था तथा मुख्यमंत्री व कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा था।

​मामले में प्रस्तुत साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर अदालत ने आरोपी रज्जाक को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई। प्रकरण में अभियोजन की ओर से पैरवी सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्री राजेंद्र सिंह सागर ने की। अदालत ने मामले में शामिल अन्य स्थायी वारंटी आरोपियों आबिद एवं रघुवीर के विरुद्ध मामला सुरक्षित रखा है।