रतलाम सर्किल जेल में भावुक क्षण: बहनों ने बंदियों की कलाई पर बांधी राखी, सलाखों के पीछे छलके आंसू
रतलाम,28 अगस्त(इ खबर टुडे)। रक्षाबंधन के पवित्र पर्व पर रतलाम की सर्किल जेल में भाई-बहन के अटूट प्रेम और स्नेह का भावुक नजारा देखने को मिला। आसपास के जिलों व शहरों से पहुंची सैकड़ों बहनों ने जेल में बंद अपने भाइयों की कलाई पर रक्षासूत्र बांधकर उनकी लंबी उम्र, उत्तम स्वास्थ्य और शीघ्र रिहाई की कामना की।
तिलक लगाते और कलाई पर राखी बांधते समय कई भाइयों और बहनों की आंखें नम हो गईं। बहनों ने रोली-अक्षत से भाइयों का मंगल तिलक किया और लड्डू खिलाकर उनका मुंह मीठा कराया। उप जेल अधीक्षक बृजेश मकवाना ने बताया कि दोपहर तक करीब 500 बहने अपने भाइयों को जेल परिसर में राखी बांध चुकी थी।
जेल प्रशासन की ओर से विशेष इंतजाम
मुलाकात को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए जेल मुख्यालय के निर्देशों के तहत खुली जेल के मैदान में विशाल टेंट और बैठने की व्यवस्था की गई थी। पहचान पत्र प्रस्तुत करने पर महिला बंदियों के भाइयों और पुरुष बंदियों की बहनों (साथ में 5 वर्ष तक के बच्चों) को सुबह 7:00 बजे से दोपहर 2:00 बजे तक मुलाकात की छूट दी गई। जेल परिसर में बाहरी मिठाई, मोबाइल, नशीले पदार्थ और अन्य खान-पान सामग्री पर पूरी तरह प्रतिबंध रहा।
अवैध सामग्री रोकने के लिए तलाशी दल तैनात किया गया था। जेल प्रबंधन की ओर से ही बहनों को रोली, चावल, राखी और जेल में निर्मित शुद्ध लड्डू की किट उपलब्ध कराई गई।
जेल अधीक्षक लक्ष्मण सिंह भदौरिया और उप जेल अधीक्षक ब्रजेश मकवाना के साथ पुलिस की देखरेख में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करते हुए त्योहार को सौहार्दपूर्ण और भावपूर्ण माहौल में संपन्न कराया गया।