{"vars":{"id": "115716:4925"}}

तिघरा डैम में पिकनिक मनाने गए GRMC के दो मेडिकल छात्र डूबे, एक का शव बरामद, रिस्ट्रिक्टेड जोन में नहाते समय पैर फिसलने से गिरे

 

ग्वालियर14 जून (इ खबर टुडे )  । गजराराज मेडिकल कालेज से एमबीबीएस कर रहे दो छात्र तिघरा डैम में डूब गए। दोनों चार छात्राओं सहित छह सहपाठियों के साथ पिकनिक मनाने गए थे। तिघरा डैम के प्रतिबंधित क्षेत्र में नहाने के दौरान पैर फिसलने से गहरे पानी में चले गए और अपने दोस्तों के सामने ही डूब गए। रात करीब 11 बजे बीना निवासी गोपाल अग्रवाल का शव मिल गया। बिहार के मुजफ्फरपुर निवासी आयुष श्रीवास्तव की तलाश चल रही थी।


आयुष और गोपाल थे रूम पार्टनर
कालेज के रविशंकर हास्टल में रहने वाले द्वितीय वर्ष के छात्र आयुष और गोपाल रूम पार्टनर थे। ऋषभ सुराना और अरिहंत श्रीवास्तव व चार छात्राओं के साथ पिकनिक मनाने दोपहर में तिघरा डैम पर पहुंच गए थे। यहां पहले आगे की तरफ नहा रहे थे, फिर डैम के प्रतिबंधित कच्ची पारा क्षेत्र में पहुंच गए। यहां गहराई करीब 200 से 250 फीट तक है। सभी नहाने के लिए उतर गए। आयुष और गोपाल का अचानक पैर फिसला और दोनों गहरे पानी में चले गए।


मदद के लिए जब कोई नहीं आया तब सीनियर छात्रों को बताया
साथियों ने बचाने का प्रयास किया लेकिन दोनों इनके सामने ही डूब गए। सहपाठी घबरा गए। मदद के लिए वहां काफी आवाज लगाई, लेकिन कोई मदद के लिए नहीं आया। इसके बाद उन्होंने अपने सीनियरों को फोन कर घटना की जानकारी दी।

सीनियर छात्रों ने जीआरएमसी प्रबंधन को घटना से अवगत कराया इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। तिघरा थाना प्रभारी शिवराम कंसाना फोर्स के साथ पहुंचे। पहले गांव वालों की मदद से ढूंढा, तब तक एसडीआरएफ की टीम भी पहुंच गई।

सुरक्षा पर सवाल
हादसे ने एक बार फिर तिघरा डैम की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। जहां यह डूबे हैं, वह प्रतिबंधित क्षेत्र है, फिर भी यहां सुरक्षा गार्ड नहीं थे। हालांकि प्रतिबंधित क्षेत्र का बोर्ड लगा है। फिर भी लोग यहां नहाने के लिए पानी में उतर जाते हैं।

जहां यह छात्र डूबे हैं, वहां गर्मियों के समय मगरमच्छ भी आ जाते हैं। तिघरा बांध के दूसरे हिस्सों में पानी कम हो जाता है। जबकि गर्मियों में यहां गहराई अधिक होने से पानी अधिक रहता है। इस वजह से मगरमच्छ यहां आ जाते हैं।